कवियित्री - *डॉ सुनीता अग्रवाल: सौम्या*
विधा - *लावणी छंद*
शीर्षक - *अनुभव*
राज्य - *असम*
मो. - **
विधा - *लावणी छंद*
शीर्षक - *अनुभव*
राज्य - *असम*
मो. - **
*जग में कुछ अच्छा कर प्यारे, मौत लगाए घात खड़ी!*
*अनुमानों से बहुत बड़ा दिन, अनुभव से है रात बड़ी!!*
*अनुमानों से बहुत बड़ा दिन, अनुभव से है रात बड़ी!!*
ताकत कम मत आँक समय की,
सबसे है बलवान यही।
देता ऐसे उलट बिसातें, पलक झपकते भान नहीं।।
*समझ अहमियत साँसों की ज्यों, हीरे जवाहरात लड़ी...!*
अनुमानों से बहुत बड़ा दिन, अनुभव से है रात बड़ी!!
सबसे है बलवान यही।
देता ऐसे उलट बिसातें, पलक झपकते भान नहीं।।
*समझ अहमियत साँसों की ज्यों, हीरे जवाहरात लड़ी...!*
अनुमानों से बहुत बड़ा दिन, अनुभव से है रात बड़ी!!
करो क्षमा और मांग भी लो, जैसी हो गलतियाँ जहाँ।
ये आभूषण वीरों का ही, दिव्य दिखे शक्तियाँ वहाँ।।
*विष्णु हुए थे अति विनम्र जब, छाती पर भृगु लात पड़ी...!*
अनुमानों से बहुत बड़ा दिन, अनुभव से है रात बड़ी!!
ये आभूषण वीरों का ही, दिव्य दिखे शक्तियाँ वहाँ।।
*विष्णु हुए थे अति विनम्र जब, छाती पर भृगु लात पड़ी...!*
अनुमानों से बहुत बड़ा दिन, अनुभव से है रात बड़ी!!
थोड़ा संयम सहनशक्ति रख, सदा प्यार के बोल कहो।
श्रेष्ठ योनि में जनम मिला है, मर्यादा में तौल रहो।
*घमंड सदा बेकार करना, छोटे मुँह से बात बड़ी....!*
अनुमानों से बहुत बड़ा दिन, अनुभव से है रात बड़ी!!
श्रेष्ठ योनि में जनम मिला है, मर्यादा में तौल रहो।
*घमंड सदा बेकार करना, छोटे मुँह से बात बड़ी....!*
अनुमानों से बहुत बड़ा दिन, अनुभव से है रात बड़ी!!
डॉ सुनीता अग्रवाल:सौम्या
दन्त-चिकित्सक, असम।
मो. 9435727659
दन्त-चिकित्सक, असम।
मो. 9435727659
Nice
ReplyDeleteशानदार गीत सृजन हेतु बधाईयाँ।
ReplyDeleteउत्तम रचना!!
ReplyDeleteBeautiful 😘😍👌👍🙏
ReplyDeleteBahut khoob kya likha hai
ReplyDelete👍👍👌👌
मस्त है एकदम चकाचक
ReplyDeleteप्रयुक्त छंद लावणी का सुंदर और सशक्त रूप, प्रभावी कविता, सहज अभिव्यक्ति, सुंदर संवादात्मक शैली का प्रयोग, और अनुभव से है रात बड़ी पंक्ति में व्यक्त भाव सम्पूर्ण कविता की आत्मा हैं। सुंदर रचना हेतु बहुत- बहुत बधाई आपको।
ReplyDeleteप्रयुक्त छंद लावणी का सुंदर और सशक्त रूप, प्रभावी कविता, सहज अभिव्यक्ति, सुंदर संवादात्मक शैली का प्रयोग, और अनुभव से है रात बड़ी पंक्ति में व्यक्त भाव सम्पूर्ण कविता की आत्मा हैं। सुंदर रचना हेतु बहुत- बहुत बधाई आपको।
ReplyDeleteपंकज मिश्र " अटल "
जवाहर नवोदय विद्यालय, बरपेटा, आसाम
अपने ब्लॉग से जुड़ने अर्थात इस पर रचना प्रेषित करने हेतु तरीका बताएं। धन्यवाद।
ReplyDeleteपंकज मिश्र " अटल "
जवाहर नवोदय विद्यालय, बरपेटा, आसाम
pankajmisraatal@gmail.com
एक साहित्यिक ग्रुप ने किया है, कहें तो आपको जुड़वा दूँ उसमें।
DeleteSimply splendid Sunita ati sundar
ReplyDeleteबहुत ही सुन्दर और मनोरम उदगार हैं।वास्तव में कल्पनीय और जीवंत विचार।
ReplyDeleteआपके सृजन में मिसरे बहुत सुंदर हैं। कई जगह इनमे आपस मे सम्बन्ध दिखाई नहीं देता। अतः उन जगहों पर सुधार की गुंजाइश है।
ReplyDeleteसादर नमन।
Wonderfully written...loved it.
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