जिला- महासमुंद
विषय दिहाड़ी मजदूरों पर आधारित
रस करुण
मेहनत और मजदूर
मजदूर का मेहनत से होता है लगाव
बल पर उसके सारे भवन खड़े हैँ
पसीना निकलता उसके शरीर से
मालिक मजदूर के पीछे पड़े हैँ
सीमेंट लाना हो या गिट्टी
मजदूर की जरुरत है।
सभी कामों के लिये
तपस्या बल क़ि मूरत है।
गिट्टी तोड़ने मे महारत हासिल है
उसके बिना कुछ भी नामुमकिन है
मजबूत कंधो पर दुनिया टिकी है
उसके इरादों पर पूरा यकीन है
हमारे काम बाग़ का माली है वह
मेहनत से जो पानी सिंचित करता है
हमारे जीवन क़ि गाड़ी को
पुरे मन से खिंचता है
सर्दी हो या ठंडी मौसम
कपड़े नहीं रहते तन पर
भूखा रहता है वह
काम करता समय पर
मेहनत का बहुत कम मिलता है पैसा
धूप मे हमारे लिये कम करता है
मेहनत करने पर भी गरीबी से जूझता है
कोरोना मे फंसे मजदूरों का ख्याल करें
घर पहुंचने मे करें मदद
सम्म्मान देकर करें उनका मान।