Monday, February 22, 2021

गोमतीसिंह की रचना- मुस्कुराहट

रचनाकार-गोमतीसिंह
जिला - कोरबा,छ.ग.
विषय-मुस्कुराहट
विधा-कविता
शीर्षक- मुस्कुराहट
---- हे ईश्वर! सामर्थ्य इतना दे जाना मुझको ,
जग को अगर कुछ दे पाऊँ तो ,उनके अधरों को मुस्कुराहट दे.पाऊँ।
उनके राहों में हे ईश्वर ! फूल अगर न बनूँ तो हे प्रभू ! 
शूल कभी न बन जाऊँ।
लाखों दर्द मिटा देता है ,अपनों की हल्की सी मुस्कान।
कुछ ऐसा.उपक्रम हो जाए मुझसे,
स्वजनों को चंद पल 
मुस्कान की मैं दे पाऊँ।
ऐसा कर्म कर जाऊँ हे भगवन !निज जननी के अधरों में
मुस्कान की वजह बन जाऊँ।
दिल की एक ही तमन्ना हे ईश्वर!
नफरत के तमाम शूल चुन-चुन. कर 
प्रकृति में मुस्कुराहट के रंग बिखेर जाऊँ।
       ।।इति।।
    " गोमती सिंह"
    कोरबा, छ.ग.

1 comment:

  1. बहुत सुंदर कविता लिखी है, किसी के मुस्कुराने की वजह बने ये बहुत बड़ी बात है

    ReplyDelete

दुर्ग से प्रिया गुप्ता की रचना- चाहत

कवि-प्रिया गुप्ता जिला- दुर्ग राज्य-छत्तीसगढ़ शीर्षक-चाहत विधा-काव्य संपर्क-7974631528  दीवानगी दीवानों की वफ़ा है दोस्तो   काति...