बाँदीकुई(दौसा)राज.
"श्रीराम"
मो.9414335460
श्री राम
श्रृंगार छन्द
अवध के प्यारे हैं श्री राम
जगत में न्यारे हैं श्री राम
राम हैं सकल गुणों कीखान
करें हम राघव का गुण गान
राम हैं मर्यादा आदर्श
राम लाते जीवन में हर्ष
राम है पावनता का नाम
राम में पाते हम विश्राम
राम ने दिया जगत को ज्ञान
राम हैं हम सबकी पहचान
राम हैं त्याग धैर्य दृष्टांत
राम हैं अहंकार का अंत
राम ही करें शोक का नाश
राम ही आस और विश्वास
राम ने स्वयं लिया वनवास
राम का कणकण में है वास
राम का रखो हृदय में वास
करें हम सब रावण का नाश
राम हैं दुर्बलता का अंत
राम ही इस जग में बलवंत
राम ही करते जग उद्धार
राम हैं विजय नही है हार
राम ही करते जग कल्याण
राम में जीवन पाता त्राण
राम से हुई सृष्टि भी धन्य
राम सम नही जगत में अन्य
राम हैं जन जन के आराध्य
राम हैं इस जग के सुखसाध्य
राम ने किया सुखों का त्याग
लोकहित में किया परित्याग
राम ने किया नारि सम्मान
राम ने रखा पिता का मान
राम हैं रघुवंशी अभिमान
राम हैं भारत की पहचान
राम का नाम करे भवपार
राम है इस जग के आधार
राम ने किया असुर संहार
राम ही दुर्बल का आधार
राम कोअपनाओ इकबार
राम है जीवन का ही सार
जय श्री राम। सुंदर अभिव्यक्ति।
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