Tuesday, December 31, 2019

बिहार से डॉ संजीव शमा की रचना- नये साल का स्वागत

कवि डॉ संजीव शमा
झंझारपुर, मधुबनी बिहार
शीर्षक : नये साल का स्वागत

कैसे आया साल कैसे बीत गया,
सुख-दुख आने को तैयार,
द्वार फूलों से सजा तो अब लीजिये,
नये साल का स्वागत तो कर
लीजिये ।

क्या किया क्या नहीं किया,
अच्छा-बुरा सब मोल लिया,
अब बारी है चिंतन करने की,
आइये मूल्यांकन तो कर
लीजिये ।
नये साल का स्वागत तो कर लीजिये ।

न दिल किसी का टूटे,
ना रब किसी से रूठे,
राह में मिले जो साथी,
दो मीठे बोल तो बोल
लीजिये,
नये साल का स्वागत तो कर लीजिये ।

नर-नारी सबका सम्मान करें,
खुद पर न कभी अभिमान करें,
बच्चों को प्यार, बुजुर्गो का मान करें,
बीते साल के बीते पल को याद तो कर लीजिये ।
नये साल का स्वागत तो कर लीजिये ।
**********
डॉ.संजीव शमा
रतुपार,झंझारपुर, 
मधुबनी, बिहार

No comments:

Post a Comment

दुर्ग से प्रिया गुप्ता की रचना- चाहत

कवि-प्रिया गुप्ता जिला- दुर्ग राज्य-छत्तीसगढ़ शीर्षक-चाहत विधा-काव्य संपर्क-7974631528  दीवानगी दीवानों की वफ़ा है दोस्तो   काति...