कवयित्री - रश्मिअग्निहोत्री
शीर्षक -गंगा आरती
राज्य- छत्तीसगढ़
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शीर्षक -गंगा आरती
राज्य- छत्तीसगढ़
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# गंगा आरती #
जय जय मां गंगा!
जय जय मां भागीरथी !
जय जय मां भागीरथी !
तव शरण मम जीवनम्
मांँ अमर तव चरितम्
आये हम पातकहारिणी
गहो हमें अपनी शरण।
मांँ अमर तव चरितम्
आये हम पातकहारिणी
गहो हमें अपनी शरण।
जय जय माँ गंगा
जय जय मांँ भागीरथी !
जय जय मांँ भागीरथी !
शरण तिहारी बलिहारी
सततवाहिनी जीवनदायिनी
आये हम पातकहारिणी
गहो हमें अपनी शरण।
सततवाहिनी जीवनदायिनी
आये हम पातकहारिणी
गहो हमें अपनी शरण।
जय जय माँ गंगा
जय जय माँ भागीरथी !
जय जय माँ भागीरथी !
अविरल अचल अमरत्व
निर्मल जलधारा स्वच्छंद
आये हम पातकहारिणी
गहो हमें अपनी शरण ।
निर्मल जलधारा स्वच्छंद
आये हम पातकहारिणी
गहो हमें अपनी शरण ।
कोमल स्नेह अपारा
पतितपावन नाम तिहारा
आये हम पातकहारिणी
गहो हमें अपनी शरण।
पतितपावन नाम तिहारा
आये हम पातकहारिणी
गहो हमें अपनी शरण।
जय जय माँ गंगा!
जय जय माँ भागीरथी !
जय जय माँ भागीरथी !
# रश्मि अग्निहोत्री केशकाल
जिला कोंडागांव
जिला कोंडागांव
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