जिला,मुंगेली,
राज्य, छःगः,
विषय, अभिलाषा,,
शीर्षक, अभिलाषा,,
विधा कविता,
मोबाइल नंबर, 9981830087,
अभिलाषा रखता मानव,
शानो-शौकत,हो दबदबा
इसी में काट देता जीवन
आगे की न सोचता,नूतन।।
पद,प्रतिष्ठा,अल्पकालिक
जिसका बना है मालिक
न रहेगा सदा,क्षणभंगुर,
नैतिकता,आध्यात्म,उपहार।।
इन पे उसे करना है गौर,
ताकि सुखी रहेगा,मनुहार
नेक काम देगा उसे मान,
दिखावा के मत भाग मानी।।
कल होगा जब रुबरू,
मौत भी न देगा साथ,
अभिलाषा,सत्यपरक हो,
गर तो जीवन पावन हो।।
No comments:
Post a Comment