जिला बेमेतरा छत्तीसगढ़
विधा छंद मुक्त कविता
शीर्षक खाली जगह
खाली जगह
मन से हम सब दुखी हैं अभी,
व्यथाओं से घिरे हैं अभी।
सोचना समझना,
सब कुछ बंद सा हो गया है अभी।
पहले सुनते थे रोज अस्पतालों मे,
लाशों की लाइनें लगी है।
मुक्तिधाम में भी इंतजार में,
शरीर लगे हैं सुनते थे।
बूढ़े तो बूढ़े नौजवान चढ़ रहे इसकी भेंट,
सुनते थे डरते थे।
पर सोचा ना था, पर सोचा ना था!
हमे भी यह दिन देखना होगा।
अपने घर के छोटे भाई को,
यूं अलविदा कहना होगा......
Wow wow
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