Friday, May 22, 2020

छत्तीसगढ़ के जांचगीर-चांपा से गिरधारी लाल चौहान की रचना- मजदूरों की कहानी

नाम__गिरधारी लाल चौहान
स्थान__नवापाराखुर्द/सक्ती
जिला __जांजगीर-चांपा
राज्य__छत्तीसगढ़
विधा---गीत
शीर्षक---मजदूरों की कहानी


व्याख्या---एक मजदूर कोविड 19से परेशान होकर कह रहा है,हम मजदूर है मजदूरों की कहानी कौन लिखेगा सड़कों में घर जाने के लिए भटक रहे हैं इसे कौन समझेगा ।हमारे पास कोरोना मात्र ही समस्या नहीं है हजारों समस्याएं हैं गांव को छोड़कर शहर आये थे यहां भी चैन नहीं है कोरोना रुपी जहर सारे संसार में फैल गया है । गांव की याद आ रही है गांव जायेंगे हम कौन पहुंचाएगा । गांव में माता पिता भाई बहन हैं मेरे साथ पत्नी और बच्चे हैं । हमारे पास जो काम था छूट गया है हाथ में दाम नहीं है कहां कहां भटकेंगे।हम जीवन भर ठोकर खाते रहेंगे क्या। हमको मर जाने दो हमें मत बचाओ हमारे पास कुछ भी नहीं है कैसे गुजर बसर होगा ।
************************************************


मजदूरों की कहानी

मजदूरों की कहानी, यहां कौन लिखेगा ।
सड़कों पर भटक रहे,इसे कौन समझेगा ।

कोरोना बना काल, एक नहीं कई सवाल ।
घर भी नहीं अन्न भी नहीं, जीवन कैसे बीतेगा ।
मजदूरों की कहानी.................।

गांव छोड़ आये शहर, यहां बिखरा है जहर ।
गांव याद आये कुछ न भाये, कौन पहुंचाएगा ।
मजदूरों की कहानी.....................।

गांव में माता पिता भाई बहन,साथ में पत्नी और बच्चे ।
छूट गया है काम,हाथ में नहीं दाम, कहां कहां भटकेगा ।
मजदूरों की कहानी.........................।

जीवन भर खाली ठोकर,खाते रहेंगे क्या।
हमको मर जाने दो हमें कोई न बचाओ, पास नहीं कुछ भी कैसे जीएगा ।
मजदूरों की कहानी......................।





.

No comments:

Post a Comment

दुर्ग से प्रिया गुप्ता की रचना- चाहत

कवि-प्रिया गुप्ता जिला- दुर्ग राज्य-छत्तीसगढ़ शीर्षक-चाहत विधा-काव्य संपर्क-7974631528  दीवानगी दीवानों की वफ़ा है दोस्तो   काति...