Friday, May 22, 2020

राजस्थान के बीकानेर जिले से मईनुदीन कोहरी की रचना- चेता चूक

नाम-  मईनुदीन कोहरी
जिला- बीकानेर 
शीर्षक- चेता चूक 
कविता-


चेता -चूक
अबै कित्तो बढ़ गय्यो मानखो
मिनख बापड़ा हुय्य गय्या
चेता -चूक  ।

विकास री बातां सगळा करै
मिनखां री  निकळ गी फूंक
क्यूंकै सगळा होय गय्या - चेता - चूक  ।

एकता रा ढोल सगळा पीटै
भाषण में सगळा विष  घोळै
कूड़ा बिलोवै थूक , हो गय्या चेता - चूक  ।

जनता रो कुण भलो चावै
संसद में कंजर दैंइं  लड़ै
देस जावै भाड़ में , क्यूं कै हो गय्या चेता -चूक ।

भिरष्टाचार री आंधी  बाजै
 भिंटोरा रा भिंटोरा उडै
पुण्य्यां उड़ती जावै दूर ,हो गय्या चेता - चूक ।

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