Thursday, April 16, 2020

छत्तीसगढ़ से बिजेन्द्र अहीर की ग़ज़ल

नाम-  बिजेन्द्र अहीर 
राज्य- छत्तीसगढ़, जिला-कोरिया
विधा- ग़ज़ल
मो : 7049391780
---------------------------------------
तुम्हें पहलू में पाकर,खूब इतराना चाहती है,
अब आ भी जाओ,जिन्दगी मुस्कुराना चाहती है।

तंग आ चूकी खुद भी शायद, मुझे तंग करते-करते,
यकीन करो तन्हाई मुझसे,अब दूर जाना चाहती है।

दौर बीत चूका वो,जब मैंने महज खोया ,
कायनात मुझे अब , देना और दिलाना चाहती  है।

वो पुरानी बात थी,गुंजाइश नही अब गुमराह होने की,
खबर है राह मुझे इस बार, खुद राह दिखाना चाहती है।

मेरी चाहत मेरी हसरत को,समझ चूकी है बखूबी,
सुनने को आया है कि खुशहाली ,मुझसे यारी निभाना चाहती है।

आया है पैगाम उसका, हवाओं और फिजाओं के मारफत,
ये सच है दोस्तों!मंजिल मेरी मुझसे, आंँख मिलाना चाहती है।

       बिजेन्द्र अहीर

No comments:

Post a Comment

दुर्ग से प्रिया गुप्ता की रचना- चाहत

कवि-प्रिया गुप्ता जिला- दुर्ग राज्य-छत्तीसगढ़ शीर्षक-चाहत विधा-काव्य संपर्क-7974631528  दीवानगी दीवानों की वफ़ा है दोस्तो   काति...