नाम - कंचन प्रभा
राज्य-दरभंगा ,बिहार
शीर्षक- नागरिकता संशोधन अधिनियम 2019
नागरिकता संशोधन अधिनियम आज देश मे एक महत्वपूर्ण मुद्दा बना हुआ है जिधर नजर दे बस इसी पर विचार व्यक्त किये जा रहे है देश मे जगह जगह दंगे हो रहे है बहुत ही मुश्किल समय गुजर रहा है। साधारणतः देखे तो भारत मे कभी कोई मुद्दा उठता है और उसके लिये प्रदर्शन शुरू होते है तो 50 प्रतिशत लोगों को उसका कुछ ज्ञान भी नही होता बस उनके आस पास के लोग सगे सम्बन्धी प्रदर्शन कर रहे है तो मुझे भी करना है लोग देश की सम्पत्ति को क्षतिग्रस्त कर रहे है तो मुझे भी करना है अरे हद हो गई। भारत एक धर्मनिरपेक्ष देश है यही तो भारत का दुर्भाग्य है। सबसे बड़ी गल्ती तभी हुई थी जब भारत और पाकिस्तान को अलग किया गया था तो भारत को धर्मनिरपेक्ष बना दिया गया पकिस्तान को क्यो नही बनाया गया। लोग यही सोचेंगे कि मैं पकिस्तान के विषय मे क्यों बोल रही हूँ पर क्यों ना बोलूं आखिर पकिस्तान तो भारत का ही हिस्सा है ना। यहाँ अभिव्यक्ति की आजादी के बहाने देश को कोई भी गाली दे दे कोई भी देश के खिलाफ कुछ भी बोल दे सब जायज है यही कारण है कि भारत की आज ये स्थिति है। कोई पकिस्तान को गाली दे कर तो दिखा दे वहाँ इसको किस प्रकार देखा जाएगा?
खैर आज ये नागरिकता संशोधन अधिनियम पारित होना भारत केलिए सुर्य की नई किरण जैसी है जिसके प्रकाश मे बहुत से भारतीयों को जो देश के बाहर सताये जा रहे है उन्हे राहत मिलेगी। भारत के मुसलमानो को जिसने भी भरकाया है वो सत्ता केलिये अपनी रोटी सेकने का काम कर रहे हैं। इस अधिनियम से किसी भी धर्म को कोई भी क्षति नही होने वाली है । इसी बात को कुछ लोग नही समझ पा रहे हैं। हम जानते है कि परिवर्तन संसार का नियम है और परिवर्तन से कुछ अच्छा होता है तो इसे बदलना कोई गलत नही। अगर युगों से कोई बात गलत होती रही है तो चूँकि ये हमारे पूर्वजों द्वारा बनाई गई है तो बस ढ़ोते रहें उसे बदले ना। अगर संविधान मे कुछ संशोधन देश के नागरिकों के हित में हो रहा है तो इसमे किसी को दिक्कत क्यो हो रही है। इस संशोधन अधिनियम से किसी भी मुसलमान को क्यो घबराहट हो रही है क्या आज तक उन्हे भारत मे कभी सताया गया है? या क्या उनका धर्म परिवर्तन करवाया गया है? जबकि पकिस्तान मे हिंदुओ को बहुत सताया गया है उनके धर्म परिवर्तन करवाया गया है ।वहाँ के मंदिरों को तोड़ दिया गया है और उस स्थान को पेशाबखाना बना दिया गया है और भारत मे मुस्लिमो के त्योहारों ईद बकरीद या तजिया निकलने पर सड़क खाली करवा दिये जाते है तो भाईयों आप ही बताईये ये कहाँ का न्याय हुआ? अगर भारत के संविधान मे भारतीयो केलिये कुछ अच्छा करने हेतु संशोधन हो रहा है तो किसी को क्या दिक्कत? सायद दिक्कत उन्ही को है जो घुसपैठिया होंगे क्योंकि ये नागरिकता संशोधन अधिनियम के पारित होने से अगर किसी को नुकसान होने वाला है तो वो घुसपैठिया ही है।
धन्यवाद
कंचन प्रभा
दरभंगा, बिहार
30/12/19
बढ़िया दी
ReplyDeleteVery good description
ReplyDeleteThanku sir
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