शीर्षक: " कवच"
नाम: राजु बड़ो (बर')
मो:
राज्य: असम।
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आत्मविश्वास खुद पर इतना करो
जो एक ढाल बन जायें
दूसरों को विश्वास इतना करो
जो एक रक्षा कवच बन जायें।
राहत की गहरी नींद
तुम्हारी आखों में होगी
चैन की साँस
तुम्हारी साँसों में होगी।
तुम्हारी विश्वास की अहसास
नजरों को झुका देगा
बुराई की ओर बढ़ रहे
मन की हलचल को रोक लेगा।
उन नजरों में सिर्फ और सिर्फ
तुम्हारे लिए स्नेह दिखेगा
जो भी हाथ तुम्हारी तरफ बढ़ेगा
वो राहत और दिलाशा के लिए होगा।
"राजु बड़ो (बर') "
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धन्यवाद
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