Wednesday, April 29, 2020

छत्तीसगढ़ से डिजेन्द्र कुर्रे"कोहिनूर" के दोहे

नाम- डिजेन्द्र कुर्रे"कोहिनूर"
पता- पिपरभावना, बलौदाबाजार, (छ.ग.)
शीर्षक -- वंदना (दोहा छंद)
~~~~~~~~~~~~~~~
,              *दोहा छंद* 
,              *शब्द -- वंदना*

नित्य करूँ मैं वंदना,
          गुरुवर को कर जोर।
पाउँ चरणों में जगह ,
          होकर भाव विभोर।।

मात-पिता भगवान हैं,
           करना वंदन रोज।
इन देवों को छोड़कर,
            करते हो क्या खोज।।

जिनके आशीर्वाद से ,
           हुआ सफल हर काम।
करता हूँ नित वंदना,
           मात-पिता के नाम।।
 
धरती माँ की वंदना,
           यह ही जग में सार।
सबको समान जानकर,
           करती हैं उपकार।।

प्रेम भाव से वंदना,
            जन जन को है आज ।
रहे सफलतम कर्म सब,
            बन जाए सब काज।।
~~~~~~~~~~~~~~~~~
रचनाकार-डिजेन्द्र कुर्रे “कोहिनूर”

No comments:

Post a Comment

दुर्ग से प्रिया गुप्ता की रचना- चाहत

कवि-प्रिया गुप्ता जिला- दुर्ग राज्य-छत्तीसगढ़ शीर्षक-चाहत विधा-काव्य संपर्क-7974631528  दीवानगी दीवानों की वफ़ा है दोस्तो   काति...