Friday, September 13, 2019

छत्तीसगढ,जिला-बलौदा बाजार से कवि परमानंद निषाद की रचना- जिन्दगी

कवि का नाम - परमानंद  निषाद
शीर्षक- जिंदगी
राज्य - छत्तीसगढ,जिला-बलौदा बाजार
मोबाइल- 7974389033

            जिंदगी
          ----------------------
जिंदगी एक हसीन ख्वाब है,
उसमें जीने की चाहत होती है,

बरसात की पहली बारिश में,
छई-छप-छई करती है जिंदगी

मां की डांट के डर से,
झरोखों से निहारती जिंदगी,

हर पल बदलती वक्त के रफ्तार सी जिंदगी,
किसी भीड़ मे खोयी लम्बी कतार सी जिंदगी,

एक आसान जिंदगी है अहसास जिंदगी है,
बिना देखे जिंदा रखे वो सांस जिंदगी  है,

सारी दुनिया के दौड़ में रखा ही क्या है,
जिंदगी की इस सफर को दौड़कर करना है जिंदगी,

उड़ रहा तूफान सागर में यहां,
डगमगाती जा रही है जिंदगी,

जिंदगी एक हसीन ख्वाब है,
उसमें जीने की चाहत होती है।

No comments:

Post a Comment

दुर्ग से प्रिया गुप्ता की रचना- चाहत

कवि-प्रिया गुप्ता जिला- दुर्ग राज्य-छत्तीसगढ़ शीर्षक-चाहत विधा-काव्य संपर्क-7974631528  दीवानगी दीवानों की वफ़ा है दोस्तो   काति...